भोपाल: दिवाली से पहले भोपाल पुलिस कमिश्नरेट ने कार्बाइड गन, कार्बाइड तोप और कार्बाइड लैंप के निर्माण और इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा दिया है। आदेश के तहत इन उपकरणों की मरम्मत, भंडारण और बिक्री पर भी रोक रहेगी। प्रतिबंधात्मक आदेश 26 अक्टूबर 2026 से अगले दो महीने तक प्रभावी रहेगा।
पुलिस आयुक्त ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत यह आदेश जारी किया है। इसका उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
खतरनाक उपकरणों से हादसे रोकने की कोशिश
पुलिस के मुताबिक, लोहे, स्टील या पीवीसी पाइप में विस्फोटक पदार्थ भरकर बनाए जाने वाले उपकरण तेज धमाके का कारण बन सकते हैं। इनके इस्तेमाल से गंभीर चोट लगने और दुर्घटना होने का खतरा रहता है।
प्रतिबंध के दायरे में कार्बाइड गन, कार्बाइड तोप, कार्बाइड लैंप और इसी तरह के अन्य खतरनाक उपकरण शामिल हैं। इनके निर्माण, जोड़ने, उनमें बदलाव करने, मरम्मत, भंडारण, बिक्री और इस्तेमाल पर रोक लगाई गई है।
पिछले हादसों के बाद बढ़ी सतर्कता
पिछले साल दिवाली के दौरान मध्य प्रदेश में कार्बाइड गन से जुड़े हादसों और बच्चों समेत कई लोगों की आंखों में चोट लगने की खबरें सामने आई थीं। ऐसे उपकरणों से होने वाले जोखिम को देखते हुए त्योहारों से पहले सख्ती बढ़ाई गई है।
राज्य सरकार ने भी अवैध पटाखों की बिक्री, विस्फोटक सामग्री के भंडारण और खतरनाक उपकरणों के इस्तेमाल पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
आदेश तोड़ने पर हो सकती है कार्रवाई
पुलिस के आदेश के मुताबिक, प्रतिबंधित गतिविधियों में शामिल पाए जाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। लोगों से अपील की गई है कि वे ऐसे उपकरणों का इस्तेमाल न करें और इनके निर्माण या बिक्री की जानकारी मिलने पर पुलिस को सूचित करें।
पुलिस की इस कार्रवाई का उद्देश्य दिवाली और आगामी त्योहारों के दौरान दुर्घटनाओं को रोकना और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।