शिक्षा विभाग का अजब हाल: 75 किमी दूर से संभालेंगे जिम्मेदारी, राजनांदगांव DEO को मोहला का अतिरिक्त प्रभार

मोहला: मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले में शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी अब राजनांदगांव के जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) प्रवास बघेल संभालेंगे। जिले के DEO पीएल साहू के लंबे अवकाश पर जाने के बाद उन्हें अतिरिक्त प्रभार सौंपे जाने की जानकारी सामने आई है। दूसरे जिले में पदस्थ अधिकारी को जिम्मेदारी दिए जाने के बाद स्थानीय स्तर पर विभागीय कामकाज, स्कूलों की निगरानी और शिक्षकों की समस्याओं के निराकरण को लेकर सवाल उठ रहे हैं।

DEO के अवकाश पर जाने के बाद बदली व्यवस्था

जानकारी के मुताबिक, जिला शिक्षा अधिकारी पीएल साहू स्वास्थ्य संबंधी कारणों से लंबे अवकाश पर हैं। उनके अवकाश पर जाने के बाद विभाग का कामकाज प्रभावित न हो, इसके लिए राजनांदगांव के DEO प्रवास बघेल को अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है।

हालांकि, इस व्यवस्था में सबसे बड़ी चुनौती दोनों जिला मुख्यालयों के बीच की दूरी है। मोहला से राजनांदगांव की दूरी करीब 75 किलोमीटर है। ऐसे में अतिरिक्त प्रभार संभालने वाले अधिकारी स्थानीय कार्यालय को कितना समय दे पाएंगे और नियमित प्रशासनिक कामकाज की निगरानी कैसे होगी, इस पर चर्चा शुरू हो गई है।

स्कूलों की निगरानी और समस्याओं के समाधान पर सवाल

जिला शिक्षा अधिकारी के जिम्मे स्कूलों का निरीक्षण, शिक्षकों और प्रधानपाठकों की समस्याओं का निराकरण, विभागीय बैठकों और प्रशासनिक कार्यों की निगरानी जैसी जिम्मेदारियां होती हैं।

ऐसे में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि अतिरिक्त प्रभार की व्यवस्था के तहत जिले के स्कूलों का नियमित निरीक्षण कैसे होगा और दूरस्थ क्षेत्रों में सामने आने वाली समस्याओं का समय पर समाधान किस तरह किया जाएगा। हालांकि, अधिकारी की उपलब्धता और कामकाज पर वास्तविक असर को लेकर अभी विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।

पहले से मौजूद चुनौतियों के बीच नई व्यवस्था

मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले की शिक्षा व्यवस्था में स्कूलों के बुनियादी ढांचे, शिक्षकों की उपलब्धता और कार्यालयीन कामकाज से जुड़ी जरूरतों को लेकर समय-समय पर सवाल उठते रहे हैं। ऐसे में जिला शिक्षा अधिकारी के अवकाश पर जाने के बाद अतिरिक्त प्रभार की व्यवस्था कितनी प्रभावी साबित होगी, इस पर नजर रहेगी।

नए जिलों के गठन का उद्देश्य प्रशासनिक सेवाओं को स्थानीय स्तर पर अधिक सुलभ बनाना और समस्याओं का तेजी से समाधान करना रहा है। ऐसे में दूसरे जिले के अधिकारी को अतिरिक्त जिम्मेदारी दिए जाने से स्थानीय प्रशासनिक व्यवस्था की प्रभावशीलता पर चर्चा हो रही है।

अतिरिक्त प्रभार के आदेश पर भी चर्चा

अतिरिक्त प्रभार सौंपने के आदेश की प्रक्रिया और अधिकार-क्षेत्र को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। चर्चा है कि यह आदेश संयुक्त संचालक स्तर से जारी किया गया है। हालांकि, आदेश की प्रति और संबंधित नियमों की स्वतंत्र पुष्टि के बिना इसकी वैधानिक प्रक्रिया को लेकर कोई निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा।

बोले DEO- स्वास्थ्य कारणों से अवकाश पर हूं

इस मामले में जिला शिक्षा अधिकारी पीएल साहू ने बताया कि स्वास्थ्य संबंधी कारणों के चलते उन्हें लंबे अवकाश पर रहना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जिला शिक्षा अधिकारी के दायित्वों के संचालन के लिए राजनांदगांव के DEO को अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।

अब देखना होगा कि नई व्यवस्था में विभागीय कामकाज की निरंतरता, स्कूलों की निगरानी और शिक्षकों की समस्याओं के समाधान को किस तरह सुनिश्चित किया जाता है।