NMP : सरकारी संपत्तियों की बिक्री के खिलाफ कांग्रेस का हल्ला बोल, भूपेश लखनऊ और माकन रायपुर में करेंगे प्रेस वार्ता

नई दिल्ली/रायपुर, 1 सितंबर। केंद्र सरकार देश में नेशनल मोनेटाइजेशन (NMP) का प्लान उतार रही है। जिसके खिलाफ देश का प्रमुख विपक्षी दल कांग्रेस सितंबर माह के पहले सप्ताह मोदी सरकार को घेरने की रणनीति बनाई है। इसके अंतर्गत कांग्रेस अपने कद्दावर नेताओं को देश के विभिन्न शहरों में मीडिया के माध्यम से आम लोगों के बीच जनजागृति अभियान का आगाज करने जा रही है।

गौरतलब है कि मोदी सरकार ने सरकारी संपत्तियों को निजी हाथों में बेचने के लिए नया नेशनल मोनेटाइजेशन पाइपलाइन प्रोग्राम बनाया है। इसके अंतर्गत केंद्र सरकार आगामी चार साल में बुनियादी ढांचा वाली संपत्तियों की बिक्री कर उससे रकम जुटाने का काम करेगी, ताकि देश की आर्थिक स्थिति में सुधार आ सके। ये सम्पत्तियाँ करीब 6 लाख करोड़ रुपये के हैं। इनमें रेल, सड़क, बिजली, टेलीकॉम, वेयरहाउसिंग, एयरपोर्ट, पोर्ट, माइनिंग और स्‍टेडियम को शामिल किया गया है।

मोदी सरकार के खिलाफ जनजागृति अभियान

केंद्र सरकार के राष्ट्रीय मुद्रीकरण (NMP) के खिलाफ कांग्रेस के द्वारा देशभर में मोदी सरकार के निर्णय के खिलाफ जनजागृति अभियान चलाया जायेगा। कांग्रेस के बड़े नेता देश भर में प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे और नेशनल मोनेटाइजेशन पाइपलाइन स्कीम के बारे में बताएंगे और लोगों को समझाएंगे कि केंद्र सरकार देश की संपत्तियों को बेचने का काम कर रही है वह देश के लिए कितना घातक सिद्ध होगा।

AICC ने अपने नेताओं के प्रेस कॉन्फ्रेंस की सूची को अंतिम रूप दे दिया है जो देश की राजधानियों में किया जायेगा। जिसमे छत्तीसगढ़ में CM भूपेश बघेल का भी नाम शामिल है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को लखनऊ भेजा जा रहा है जहां CM भूपेश उत्तरप्रदेश की जनता को मोदी सरकार के गलत निर्णय की जानकारी देंगे। CM भूपेश ने आरोप लगाया कि देश की मूल्यवान संपत्तियों को बेचा जाना भारतीय अर्थव्यवस्था के प्रभावी तरीके से प्रबंधन में केंद्र सरकार की सरासर अक्षमता को दर्शाता है।

रायपुर में अजय माकन लेंगे प्रेस वार्ता

छत्तीसगढ़ कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेश नितिन त्रिवेदी ने बताया कि 3 सितम्बर को राजधानी रायपुर में पूर्व केंद्रीय मंत्री अजय माकन क़ी महत्वपूर्ण पत्रकारवार्ता होगी। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार देश में मोदी सरकार ने देश की मूल्यवान संपत्तियों को बेचने का जो अभियान चलाया है, इसके खिलाफ कांग्रेस प्रेस कॉन्फ्रेंस कर लोगों को जागरूक करेगी।

शैलेश नितिन त्रिवेदी की माने तो पुरखो के बनाये गए देश की संपदा बेच-बेचकर मोदी सरकार अपने दो उद्योगपति मित्रों को मदद करने में लगी हुई है। उन्होंने कहा कि हवाई अड्डे, रेलवे स्टेशन, रेलवे लाइन,ट्रेन कुछ भी तो नहीं बचा है। उन्होंने कहा कि इसके खिलाफ कांग्रेस ने जन जाग्रति के लिए देशभर के सभी राज्यों की राजधानियों में कांग्रेस प्रेस कॉन्फेंस करने जा रही है। इसी के तहत पूर्व केंद्रीय मंत्री अजय माकन कांग्रेस के मुख्यालय में 3 सितम्बर को पत्रकारवार्ता करेंगे।

दरअसल,केन्द्र सरकार 6 लाख करोड़ की सरकारी संपत्तियों को बेचने जा रही है। जिसे विपक्ष देश हित में नहीं होना बता रहा है। वहीं, कांग्रेस सहित समूचे विपक्ष की ओर से नेशनल मोनेटाइजेशन पाइपलाइन नीति पर हुई घेराबंदी के बाद केंद्र सरकार के मंत्री भी भ्रम दूर करने में जुटी है। भारतीय जनता पार्टी संगठन की ओर से भी काउंटर अटैक कर कांग्रेस नेताओं की समझ पर सवाल उठाए जा रहे हैं।

NMP पर भाजपा की सफाई

इस मुद्दे पर भाजपा ने भी अपने नेताओं को जनता के बीच सही तस्वीर पेश करने का निर्देश दिया है। NMP पर केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी बीते दिनों जहां प्रेस कांफ्रेंस कर कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पी चिदंबरम पर हमला बोल चुकी हैं, वहीं भाजपा की ओर से योजना से जुड़ी जानकारियों से जुड़ी पोस्ट सोशल मीडिया पर डालकर सफाई दी जा रही है कि किसी भी राष्ट्रीय परिसंपत्ति को बेचने का कोई प्लान नहीं है। सरकार और भाजपा संगठन की ओर से मुहिम चलाकर बताया जा रहा कि मोनेटाइजेशन और प्राइवेटाइजेशन में जमीन और आसमान का फर्क है। मोनेटाइजेशन का मतलब किसी राष्ट्रीय परिसंपत्ति को किराए पर देना है न कि बेचना।

ये है AICC की सूची –

  • लखनऊ में भूपेश बघेल,
  • हैदराबाद में मलिकार्जुन खरगे,
  • बेंगलुरु में सचिन पायलट,
  • मुंबई में पी चिदंबरम,
  • पटना में दिग्विजय सिंह,
  • कोलकाता में सलमान खुर्शीद
  • गुवाहाटी में मुकुल वासनिक
  • जयपुर में राजीव शुक्ला
  • भोपाल में भरत सोलंकी
  • रायपुर में अजय माकन
  • श्रीनगर में शशि थरूर