रायपुर : राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी से जुड़े कथित पेपर लीक मामलों को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस ने केंद्र सरकार और परीक्षा प्रणाली की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
छात्रों के भविष्य पर खतरा, जांच के घेरे में एनटीए नेतृत्व की मांग
प्रदेश कांग्रेस महामंत्री कन्हैया अग्रवाल ने कहा है कि देशभर में हो रहे पेपर लीक और अनियमितताओं के मामलों ने करोड़ों छात्रों के भविष्य को प्रभावित किया है। उन्होंने मांग की है कि राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी के प्रमुख को जांच के दायरे में शामिल कर कठोर कार्रवाई की जाए।
परीक्षा व्यवस्था पर सवाल, लगातार विवादों का आरोप
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि हाल के वर्षों में राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं में बार-बार अनियमितताएं सामने आई हैं, जिससे परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े हुए हैं। उनका कहना है कि इन घटनाओं की जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।
पिछले कार्यकालों को लेकर भी गंभीर आरोप
कन्हैया अग्रवाल ने अपने बयान में दावा किया कि संबंधित अधिकारी के पिछले कार्यकालों के दौरान भी विभिन्न राज्यों की परीक्षा प्रणालियों में अनियमितताओं के आरोप लगते रहे हैं। हालांकि ये सभी आरोप सार्वजनिक बहस और जांच के विषय बने हुए हैं।
केंद्र सरकार पर संरक्षण देने का आरोप
कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि बार-बार विवादों के बावजूद संबंधित अधिकारी पर कार्रवाई नहीं की गई। पार्टी का कहना है कि यह युवाओं के भविष्य के साथ समझौता है और इसे स्वीकार नहीं किया जा सकता।
आंदोलन की चेतावनी, जांच की मांग तेज
कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित नहीं की गई तथा दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो बड़े स्तर पर आंदोलन किया जाएगा। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग लगातार तेज होती जा रही है।